माखन चोरी

माखन चोरी
माखन चुरात मणिखम्ब आप देख्यौ।
छोट्यौ अति भौरो लाला,सकुचायो अति डरप्यौ दूजौ देख्यौ।
तुतले बैन मुख ही सौ कहवै,सुन लाला चोरी कोउ सो न कहवौ।
जो च्है नीकौ सौ लौना लई लै,कहत खम्ब कौ लौना दीज्यौ।
छोट्यौ सौ कर माखन सौ भरौ,लई खम्ब प्रतिबिम्ब मुख दैहौ।
मात जसोदा लाल लीला दैख्यै,प्यारी लीला बलिहि जैहौ।

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