रस कुँवर किशोरी

रस कुँवर किशोरी नाय सबतै सम्हारै।
ज्यू कनक कटोरैई दुग्ध शेरनी,हिय अति बिशेषई लए निकारै।
नभ चपला ज्यू रहिए नाय अवनि,नभई रहिए उर याकौ धारै।
इन तौ दईए भरिकै सब सम,जाय नाय तऊ सबई तै सम्हारै।
उन हिय करै दोऊ केलि किलोली,जिन हित निजता इन आप बिसारै।
"प्यारी" कहै कर जोरि बिनत दीन हौ,मम सम पै हु ऐसौ नैननि डारै।

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