प्रीत खिलौने
लडैती लाड सखि प्रीत खिलौनै।
अनेकेहु मन भयै एकहु लौनै।
जोई जोई चाहवै सोई करै छौनै।
एकहु रंग रंगे पगे हिय सौनै।
खिझावै रिझावै करै रार सौहनै।
डूबौवै प्रीत करि नित नव टौनै।
सखिन मिलावै सेजि सजि दौनै।
पूछै रैन हसि हसि मधु बैनै।
कह सखि पिय कहा कहा छौनै।
ऐसैहु पिय प्यारी सखि हौनै।
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