भूलि गयै का मोहै

भूलि गयै का मोहै।
पिय! भूलि गयै का मोहै।
कछुक खबर लिन्ही नाय दिन्ही,भेज्यौ संदेश ना कोय।
बतिया कोउ मीठी नाय तीखी,छेडी सताई ना मोय।
मुस्कनि अधरनि चंचल कदि भली,नाय दिखाई दी टोय।
सखी सयानी मिली लगै कोई,पई "प्यारी" योई बिछोय।

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