ओ रे मन ठौर ठौर नहीं जानिए
ओ रे मन मौर ठौर ओर नाहि जानिए,
. ............... अपनौ तो वास प्यास चरणनि जोरि है।
रसिक श्री श्याम स्वामी स्वामिनी श्री राधिके,
. ....... ......श्री हरिदास हित सखियनि मौरि है।
तज इन कौन कँहा कहो क्योई जाइए,
.................... इन सम दूजी बात अणु नाहि ओरि है।
बिनु इन अरथ विरथ सब जानिए
................ किरपा बिनु इन दासी "प्यारी" कोरि है।
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किरपा बिनु इन दासी "प्यारी" कोरि है।
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